श्रीनगर/नई दिल्ली। जम्मू-कश्मीर के गांदरबल जिले में सुरक्षाबलों ने बड़ी आतंकी साजिश को नाकाम कर दिया। कोहेस्तान कॉलोनी के पास गुलाब शेख मोहल्ले में सड़क किनारे एक बैग में रखा इंप्रोवाइज्ड एक्सप्लोजिव डिवाइस (आईईडी) बरामद किया गया। सूचना मिलते ही बम निरोधक दस्ते ने मौके पर पहुंचकर विस्फोटक को सुरक्षित तरीके से निष्क्रिय कर दिया।
एक दिन पहले बारामुला जिले के जांबाजपोरा इलाके में भी आईईडी मिलने की घटना सामने आई थी, जिसे सेना ने समय रहते डिफ्यूज कर दिया। सुरक्षाबलों का कहना है कि यह आतंकियों की साजिश का हिस्सा था। घाटी में लगातार अलर्ट और सतर्कता के कारण संभावित बड़े हादसों को टाला जा रहा है। यह भी पढ़ें : 6 राज्यों में एसआईआर पूरा, गुजरात में 68 लाख से अधिक मतदाता नाम हटे
इस बीच खुफिया इनपुट के आधार पर राष्ट्रीय राजधानी में भी सुरक्षा कड़ी कर दी गई है। दिल्ली में लाल किला और चांदनी चौक समेत कई धार्मिक और ऐतिहासिक स्थलों के आसपास अतिरिक्त सुरक्षा बलों की तैनाती की गई है। अधिकारियों के अनुसार केंद्रीय एजेंसियों ने संभावित आतंकी खतरे की चेतावनी दी थी।
सूत्रों के मुताबिक लश्कर-ए-तैयबा द्वारा प्रमुख धार्मिक स्थलों को निशाना बनाने की साजिश रचे जाने की आशंका जताई गई है। खुफिया रिपोर्ट में आईईडी आधारित हमले की संभावना का जिक्र किया गया है। विशेष रूप से चांदनी चौक स्थित एक मंदिर को संभावित लक्ष्य बताया गया है, हालांकि एजेंसियां इन सूचनाओं का सत्यापन कर रही हैं।
एहतियात के तौर पर सीसीटीवी निगरानी बढ़ाई गई है, वाहनों की सघन जांच की जा रही है और भीड़भाड़ वाले इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। केंद्रीय एजेंसियां और दिल्ली पुलिस आपसी समन्वय के साथ हालात पर नजर बनाए हुए हैं।
यह अलर्ट पिछले वर्ष 10 नवंबर 2025 को लाल किले के पास हुए कार विस्फोट की पृष्ठभूमि में जारी किया गया है, जिसमें 13 लोगों की मौत हुई थी और 20 से अधिक घायल हुए थे। सुरक्षा एजेंसियों ने आम नागरिकों से सतर्क रहने और किसी भी संदिग्ध वस्तु या गतिविधि की तुरंत सूचना पुलिस को देने की अपील की है।
